यात्रा सीजन में बदरीनाथ हाईवे पर जाम बना बड़ी चुनौती, यात्री और स्थानीय लोग परेशान
ऋषिकेश-बदरीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग पर जाम से लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है. लोगों ने ट्रैफिक प्लान तैयार करने की मांग की है.![]()
चमोली: ऋषिकेश-बदरीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग पर इन दिनों यात्रा सीजन के चरम पर पहुंचने के साथ लंबा जाम आम लोगों और यात्रियों के लिए बड़ी परेशानी का कारण बन गया है. बदरीनाथ धाम और हेमकुंड साहिब यात्रा में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ रही है, लेकिन यातायात व्यवस्था के लिए अब तक कोई प्रभावी रोड मैप तैयार नहीं हो पाया है. हालात ऐसे हैं कि कई स्थानों पर यात्रियों को घंटों तक वाहनों में फंसे रहना पड़ रहा है. जाम की समस्या केवल जोशीमठ तक सीमित नहीं है, बल्कि कर्णप्रयाग समेत कई प्रमुख पड़ावों पर भी लगातार लंबी वाहनों की कतारें देखने को मिल रही हैं. पहाड़ी क्षेत्रों की संकरी सड़कों और बढ़ते वाहनों के दबाव ने स्थिति को और अधिक गंभीर बना दिया है.
स्थानीय लोगों का कहना है कि यात्रा सीजन शुरू होते ही बाजारों और मुख्य मार्गों पर आवाजाही प्रभावित हो जाती है. जरूरी कार्यों के लिए निकलने वाले लोगों को भी घंटों जाम में फंसना पड़ रहा है. कई बार मरीजों और स्कूली बच्चों तक को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है. पुलिस प्रशासन और यातायात व्यवस्था संभालने वाले अधिकारी लगातार जाम खुलवाने में जुटे हैं, लेकिन यात्रियों की बढ़ती संख्या के आगे व्यवस्थाएं नाकाफी साबित हो रही हैं. चारधाम यात्रा के दौरान हर वर्ष जाम की समस्या सामने आती है, लेकिन इस बार श्रद्धालुओं की संख्या बढ़ने से हालात और अधिक चुनौतीपूर्ण बन गए हैं. स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन से मांग की है कि यात्रा सीजन के लिए स्थायी ट्रैफिक प्लान तैयार किया जाए, ताकि आम लोगों और यात्रियों को राहत मिल सके.
हेमकुंड साहिब यात्रा को लेकर पुलिस और एटीएस अलर्ट: सिखों के पवित्र तीर्थस्थल हेमकुंड साहिब के कपाट 23 मई को श्रद्धालुओं के दर्शनार्थ खुलने के बाद यात्रा ने रफ्तार पकड़ ली है. देश-विदेश से बड़ी संख्या में श्रद्धालु हेमकुंड साहिब पहुंच रहे हैं. श्रद्धा और आस्था के इस महापर्व को सुरक्षित एवं सुव्यवस्थित बनाने के लिए चमोली पुलिस और आतंकवादी निरोधक दस्ता (एटीएस) पूरी तरह अलर्ट मोड पर हैं.